पार्टनर स्टेट मेघालय के पवेलियन में बांस की कला का अद्भुत प्रदर्शन – 39वां सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय आत्मनिर्भर शिल्प मेला-2026
ट्री-हाउस और पारंपरिक वाद्ययंत्रों ने जीता पर्यटकों का दिल

सूरजकुंड (फरीदाबाद), 9 फरवरी।
39वें अंतर्राष्ट्रीय सूरजकुंड शिल्प मेले में इस वर्ष पार्टनर स्टेट के रूप में उत्तर प्रदेश व मेघालय अपनी प्राकृतिक सुंदरता और बेजोड़ हस्तशिल्प से पर्यटकों को मंत्रमुग्ध कर रहा है। मेला परिसर में स्थापित मेघालय पवेलियन में राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक झलक देखने को मिल रही है, जहाँ बांस से बनी कलाकृतियां चर्चा का विषय बनी हुई हैं।
मेघालय पवेलियन की स्टॉल नंबर 140 पर शिल्पकार विथोन द्वारा तैयार किए गए बांस के हस्तशिल्प उत्पाद इस समय मेले के सबसे बड़े आकर्षणों में से एक हैं। विथोन द्वारा बांस से निर्मित ट्री-हाउस पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। इसकी बारीकी और बनावट मेघालय की पारंपरिक वास्तुकला को दर्शा रही है। इसके साथ ही स्टॉल पर मेघालय के लोक नृत्यों और लोक गीतों में उपयोग होने वाले पारंपरिक वाद्ययंत्र भी प्रदर्शित किए गए हैं। संगीत प्रेमी इन दुर्लभ वाद्ययंत्रों में गहरी रुचि दिखा रहे हैं।
मेला परिसर में इको-फ्रेंडली उत्पाद
शिल्पकार विथोन ने बताया कि बांस से बने सजावटी सामान और दैनिक उपयोग की वस्तुएं न केवल सुंदर हैं, बल्कि पर्यावरण के अनुकूल भी हैं, जिन्हें पर्यटक बड़े उत्साह के साथ खरीद रहे हैं। उन्होंने हरियाणा सरकार का इस अंतराष्ट्रीय आयोजन के लिए धन्यवाद किया।




